Wednesday, April 13, 2011

u often cross my mind ...


sometimes when i feel all alone
or cross by a countryside,
when i expect an arm on my shoulder
or someone to be on my side....

u often cross my mind....

in a blink, sequential thoughts run through
u are somewhere else although,
deep feelings have found place at bottom
forgotten moments, still not forgotten......

coz u cross my mind....

a clear image peeps out of the faded picture
as the winds of memories start to blow,
downside the hill, i see the "time" playing like a kid
the "image" will be at its best as "it" will grow......


this way u cross my mind....

so from the day my all blessings n prayers are yours
my belief is that these will open happy doors,
doors to a place, i will like to tell,
where with all comforts, u will love to dwell......

blessings which will keep u healthy and fine
with a belief that u will keep crossing my mind .....

सावन मरा नहीं करता ......


कुछ पानी के बह जाने से  सावन मरा नहीं करता .....
कुछ चेहरों के रूठ जाने से  दर्पण मरा नहीं करता .....
मिलना और मिलकर चले जाना
यही नियति है जीवन की
कुछ पाना है तो कुछ खोना है
मगर सब कुछ पाकर भी
कुछ खोने का एहसास मरा नहीं करता ......
कुछ पानी के बह जाने से सावन मरा नहीं करता .......

यहाँ मंजिल है हर एक रास्ते की
रास्तों में पड़ाव भी आते हैं
सफ़र ज़रा लम्बा है तो
पल भर ठहर भी जाते हैं
लेकिन ठहर जाने से भी  वक़्त ठहरा नहीं करता
कुछ पानी के बह जाने से सावन मरा नहीं करता ......

ये गीत मेरा है, ये लफ्ज़ भी मेरे हैं
लिखा है इसको किसी वक़्त में गुनगुनाने के लिए
मगर भी गाऊ तो इनका साज़ मरा नहीं करता ....
कुछ पानी के बह जाने सावन मरा नहीं करता ........

जो रूठ गया सो रूठ गया
जो छूट गया सो छूट गया
हर बात समझाने के लिए नहीं होती
ज़िन्दगी हमेशा पाने के लिए नहीं होती
बनने बिगड़ने के इस खेल में जीवन कभी रुका नहीं करता ........
कुछ पानी के बह जाने से सावन मरा नहीं करता .........